Sep 15, 2008

दिल्ली पुलिस ने सिमी से जुडे लोगों की जानकारी मांगी

इंदौर १५ सितबंर- दिल्ली में हुए बम विस्फोटो में प्रतिबंधित संगठन स्टूडेंन्टस इस्लामिक मूवमेंट आफ् इंडिया सिमी का नाम आने के बाद सिमी के बारे में इंदौर पुलिस से विस्तृत जानकारी मांगी गयी है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार दिल्ली पुलिस ने सिमी सरगना सफदर नागौरी से जुडे कुछ लोगों के संबंध में मध्यप्रदेश की पुलिस से भी विशेष जानकारी देने को कहा है। उल्लेखनीय है कि इंदौर, उज्जैन और खंडवा में सिमी का नेटवर्क पाया गया था और इंदौर में ही सिमी सरगना सफदर नागौरी सहित १३ सहयोगियों को इसी साल २६ मार्च को गिरफ्तार किया गया था।
पुलिस सूत्रों के अनुसार दिल्ली पुलिस ने इंदौर के किसी फैजल नाम के सिमी कार्यकर्ता कि तलाश के लिये कहा गया है हालांकि सूत्रों ने इस बात से इंकार किया कि दिल्ली विस्फोट में इंदौर का कोई अपराधी शामिल था। सिमी के नेटवर्क को देखते हुए उन कार्यकर्ताओं ।

Sep 14, 2008

दिल्ली में हुए सीरियल धमाकों में मृतकों की संख्या २५ तक

नई दिल्ली, १४ सितम्बर- दिल्‍ली में शनिवार की शाम आतंकवादियों ने जिन सिलसिलेवार धमाकों को अंजाम दिया, उनमें मरने वालों की संख्‍या २५ पहुंच गई है। वहीं अलग-अलग अस्‍पतालों में चालीस से ज्‍यादा लोग जिंदगी और मौत से अभी भी जूझ रहे हैं।
राजधानी के व्यस्त माने जाने वाले तीन इलाकों में शनिवार शाम हुए सिलसिलेवार धमाकों से दिल्‍ली थम सी गई है। रविवार की सुबह सड़कों पर सन्‍नाटा और विस्‍फोट से प्रभावित इलाकों में कई लोगों के घरों में मातम साफ बयां कर रहा है कि यहां के लोग दहशत में हैं।
दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार करोलबाग और कनाट प्लेस इलाके से सात लोगों को हिरासत में लिया गया। पुलिस के अनुसार राजधानी के विभिन्न इलाकों में छापे भी मारे गए हैं। पुलिस ने विस्फोट के सिलसिले में सात संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है।
शनिवार शाम २२ मिनट के भीतर हुए पांच सिलसिलेवार धमाकों में मरने वालों की संख्या बढ़कर २५ हो गई है, वहीं १०० से अधिक लोग घायल हुए हैं। घायलों में कई की हालत गंभीर है। पुलिस को मिली ईमेल के मुताबिक आतंकवादी संगठन इंडियन मुजाहिदीन ने इन धमाकों की जिम्मेदारी ली है। इससे पहले अहमदाबाद में २६ जुलाई को हुए धमाकों की जिम्मेदारी भी इसी संगठन ने ली थी।
मुम्‍बई के चेंबुर इलाके से पुलिस के पास आयी एक ई-मेल की बिला पर पुलिस ने प्रतिबंधित संगठन स्‍टूडेंट्स इस्‍लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) पर आशंका व्‍यक्‍त की है।
राजधानी के कनाट प्लेस में तीन, गेट्रर कैलाश-वन में दो और करोलबाग इलाके में एक धमाका हुआ। पहला धमाका करोल बाग के गफ्फार मार्केट में शाम ६.१५ बजे हुआ। इलेक्ट्रानिक सामान के लिए मशहूर इस बड़े बाजार में कम से कम १६ लोग मारे गए और लगभग ५० लोग घायल हो गए। कनाट प्लेस के सेंट्रल पार्क में १० सेकेंड के अंतराल पर दो धमाके हुए। दोनों बम डस्टबीन में रखे गए थे। यहां २० लोग घायल हो गए।
कनाट प्लेस में तीसरा धमाका बाराखंभा रोड पर गोपाल दास भवन के निकट हुआ। यह स्थान मेट्रो स्टेशन के प्रवेश द्वार के निकट है। पुलिस के मुताबिक यहां धमाकों से दो व्यक्तियों की मौत हो गई।

अब आतंकियों नें पुणे को निशाना बनाने की धमकी दी

पुणे, १४ सितम्बर- राजधानी दिल्ली में शनिवार शाम हुए पांच सिलसिलेवार बम धमाकों को अभी २४ घंटे भी नहीं बीते हैं कि पुणे में बम धमाकों की धमकी दी गई है। पुणे पुलिस के अनुसार धमाकों की धमकी से भरा ऎ ई-मेल पुलिस महकमे को भेजा गया है। ई-मेल में पुणे में गणेश विसर्जन के दौरान धमाकों की धमकी दी गई है।
धमाकों की आशंका के मद्देनजर लोगों से सतर्क रहने को कहा गया है। पुलिस के अनुसार विसर्जन जुलूस में संदिग्ध लोग शामिल हो सकते हैं। पुलिस ने लाउडस्पीकर के जरिए लोगों को निर्देश दिए हैं कि वो चौकन्ने रहें और किसी भी संदिग्ध का संदेह होने पर पुलिस को इसकी तत्काल सूचना दें।
उल्लेखनीय है कि पुणे का गणेश विसर्जन देश भर में मशहूर है। गणपति विसर्जन के लिए यहां निकलने वाला जुलूस लगभग २५ घंटे तक चलता है और जुलूस में भारी संख्या में श्रद्धालु उमडते हैं। सुरक्षा के लिहाज से पुलिस ने जुलूस के रास्ते पर रैपिड एक्शन फोर्स की तैनाती की है। इसके साथ ही चप्पे-चप्पे पर पुलिस और सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं।

Sep 12, 2008

निरक्षरता का कलंक झेल रहे है हिंदी भाषी राज्य

नई दिल्ली, १३ सितम्बर- राष्ट्रीय राजनीति में हिंदी भाषी राज्य भले ही मजबूत दखल रखते रहे हों, लेकिन पढ़ाई-लिखाई के मामले में उनके माथे पर अब भी बड़ा कलंक है। यहां तक कि देश से निरक्षरता न खत्म होने की सबसे बड़ी वजह यही राज्य हैं। सरकार के एक आला अफसर ने तो लगभग पचास प्रतिशत अनपढ़ों के लिए खुले तौर पर उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड जैसे आधा दर्जन हिंदी भाषी राज्यों को जिम्मेदार ठहराया है।
वैसे तो अभी बीते आठ सितंबर को ही सरकार ने अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस पर देश में निरक्षरता मिटाने की प्रतिबद्धता फिर दोहराई है। उसने बड़े गर्व से अनुसूचित जाति में १७ प्रतिशत और जनजाति में १७.५ प्रतिशत साक्षरता दर बढ़ने का गुणगान किया। लेकिन अनपढ़ों को लेकर उत्तर भारत के राज्य उसकी चिंता को ज्यादा बढ़ा रहे हैं। मानव संसाधन विकास मंत्रालय में स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के सचिव ए।के. रथ के मुताबिक, 'उत्तर भारत, खास तौर से हिंदी बोलने वाले सिर्फ पांच राज्यों-उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, राजस्थान - में ही देश के लगभग पचास प्रतिशत निरक्षर हैं।' उसके बाद किसी हद तक आंध्र प्रदेश, उड़ीसा और पश्चिम बंगाल की स्थिति भी इस मामले में बदतर ही है।
२००१ की जनगणना के आधार पर देखें तो उस समय देश में १५ साल से ऊपर के २६ करोड़ लोग निरक्षर थे। सात साल से ऊपर के निरक्षरों को जोड़ देने पर यह आंकड़ा तीस करोड़ से भी ऊपर पहुंचता था। सरकार अब ११ वीं योजना में २०१२ तक पूरी आबादी के ८० प्रतिशत लोगों को साक्षर बनाने का लक्ष्य लेकर चल रही है। इस योजना में भी लगभग डेढ़ साल बीत चुका है और स्थिति यह है कि ३०४ जिले ऐसे हैं, जहां साक्षरता दर राष्ट्रीय औसत [कुल आबादी का लगभग ६५ प्रतिशत] से भी कम है। इन ३०४ जिलों में भी २६० ऐसे हैं, जहां महिलाओं की साक्षरता दर पचास प्रतिशत से भी कम है। सरकार जहां अनुसूचित जाति और जनजाति में साक्षरता दर बढ़ने का गुणगान कर रही है, वहीं १७० जिलों में अनुसूचित जाति के पचास प्रतिशत से भी कम लोग साक्षर हैं। आदिवासियों के मामले में २८० जिले इस श्रेणी में आते हैं।
वैसे सरकार इस मामले में गंभीर जरूर दिखने लगी है। उसने दसवीं योजना में जहां साक्षरता के लिए १२०० करोड़ रुपये का बजट रखा था, वहीं ११ वीं योजना में उसे बढ़ाकर छह हजार करोड़ कर दिया है।

तीन भारतीय है फोर्ब्स वेब अरबपतियों में

न्यूयॉर्क, १२ सितंबर- 'इंडियाबुल्स' के समीर गहलौत और पार्टी गेमिंग के संस्थापक अनुराग दीक्षित सहित तीन भारतीयों को अमेरिकी पत्रिका 'फोर्ब्स' की वेब अरबपतियों की सूची में शामिल किया गया है।
फोर्ब्स की रिपोर्ट के मुताबिक इंटरनेट बूम ने ३४ उद्यमियों को विश्व के सबसे अमीर व्यक्तियों की फेहरिस्त में शामिल कर दिया है, जिनका कुल नेटवर्थ १०९.७ अरब डॉलर है।
पत्रिका की वेब अरबपति सूची में गूगल के संस्थापक सर्गेई ब्रिन का नेटवर्थ १०९.७ अरब डॉलर, जबकि लारी पेज का नेटवर्थ १८.६ अरब डॉलर है। गहलौत का नेटवर्थ १.२ अरब डॉलर है। गहलौत भारत के स्वयं स्थापित उद्योगपति हैं। उन्होंने कॉलेज के दो सहपाठियों के साथ मिलकर १९९९ में इंडियाबुल्स की स्थापना की थी और अभी वे कंपनी के मुखिया हैं।
दूसरी ओर कवितर्क राम श्रीराम सूची में शामिल दूसरे इन्नोवेटर हैं, जिनका नेटवर्थ १.८ अरब डॉलर है। वे जॉब साइट नौकरी डॉट कॉम के मालिक हैं। श्रीराम ने वर्ष २००७ में ऑनलाइन क्लासीफाइड साइट स्टम्बलअपान डॉट को ईबे को बेच दिया था। ऑनलाइन गैंबलिंग फर्म पार्टी गेमिंग के अनुराग दीक्षित सूची में शामिल तीसरे भारतीय हैं और उनका नेटवर्थ १.६ अरब डॉलर है।
पत्रिका ने दीक्षित को डेवलपमेंटल इंजीनियर से ऑनलाइन गैंबलिंग मुगल बनी हैसियत करार दिया है। दीक्षित नई दिल्ली स्थित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) के कम्प्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग डिग्रीधारी हैं।

बंद किया सहारा ने गैर बैंकिंग कारोबार

मुंबई, १२ सितम्बर- सुब्रत राय सहारा प्रवर्तित सहारा इंडिया इन्वेस्टमेंट कारपोरेशन [एसआईआईसीएल] गैर बैंकिंग वित्तीय कारोबार से हट गई है।
भारतीय रिजर्व बैंक की ओर से जारी एक बयान में बताया गया है कि सहारा इंडिया पैरा बैंकिंग का पंजीकरण रद्द कर दिया गया है। इसमें कहा गया है कि सहारा ग्रुप की एक कंपनी एसआईआईसीएल गैर बैंकिंग वित्तीय संस्थान के रूप में अब काम नहीं कर सकती। केंद्रीय बैंक ने कहा है कि एसआईआईसीएल स्वेच्छा से गैर बैंकिंग वित्ताीय कारोबार छोड़ा है और उसका पंजीकरण प्रमाणन ११ अगस्त २००८ से रद्द कर दिया गया है।
दूसरी तरफ, इस फैसले से उन लाखों निवेशकों में असंतोष उत्पन्न होने की आशंका है कि उनके जमा किए गए रुपयों का क्या होगा। हांलाकि इस संबंध में अभी तक कोई जानकारी न तो आरबीआई और न ही सहारा इंडिया की तरफ से आई है।

Sep 11, 2008

दिल्ली उपहार अग्निकांडः अंसल बंधुओं को जेल भेजा गया

नई दिल्ली, ११ सितम्बर-उच्चतम न्यायालय द्वारा कल उपहार अग्निकांड के प्रमुख आरोपी अंसल बंधुओं की जमानत याचिका रद्द किए जाने के बाद दोनों आरोपी गोपाल अंसल और सुशील बंसल ने आज आत्मसमपर्ण कर दिया। अंसल बंधुओं को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
अंसल बंधुओं ने शाम पौने चार बजे सिनेमा हाल के मैनेजरों निर्मल सिंह चोपड़ा तथा अजित चौधरी के साथ अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश इन्द्रमीत कौर कोच्चर की अदालत में आत्मसमर्पण किया जहां से इन्हें तिहाड़ जेल भेज दिया गया।
‘एसोसिएशन ऑफ द विक्टिम्स ऑफ उपहार ट्रेजडी’ (एवीयूटी) की अध्यक्ष नीलम कृष्णमूर्ति ने कहा कि हमें खुशी है कि न्याय के लिए हमारी जंग अपने अंजाम तक पहुंच गई।
गौरतलब है कि जून १९९७ में उपहार सिनेमा हॉल में लगी आग में ५९ लोगों की मौत हो गई थी, जिनमें २२ बच्चे शामिल थे। इस अग्निकांड में एक सौ से अधिक लोग घायल भी हुए थे।