Jul 28, 2008

लखनऊ में लश्कर आतंकी गिरफ्तार

लखनऊ, २८ जुलाई- पिछले चार दिन में देश के दो बड़े शहरों में हुए सीरियल ब्लास्ट के मद्देनजर पूरे राज्य में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। वहीं,लखनऊ में सोमवार को आतंकी संगठन लश्कर-ए-तोइबा के एक आतंकी को हिरासत में लिया गया। राज्य के पुलिस महानिदेशक विक्रम सिंह ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए पुलिस महानिरीक्षकों को अहमदाबाद और बंगलूरु में हुए सीरियल ब्लास्ट के मद्देनजर सुरक्षा कड़ी करने के निर्देश दिए।
आगरा में ताजमहल, अयोध्या में राम जन्मभूमि परिसर, रेलवे स्टेशन और शापिंग माल समेत अन्य भीड़ वाले इलाके में पिछले दो दिन से सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। लखनऊ के चारबाग स्टेशन पर बम रखे जाने की अफवाह के बाद आज अफरा तफरी मच गई। बम निरोधक दस्ते को एक बैग मिला, जिसमें बम होने की सूचना थी लेकिन जांच के बाद उसमें सिर्फ ट्रांजिस्टर पाया गया।
आतंकवाद निरोधक दस्ते ने सोमवार को आतंकी संगठन लश्कर के एक कथित आतंकी शकील को राजधानी लखनऊ से हिरासत में लिया। वह पिछले चार साल से लखनऊ में रह रहा है और इस माह उसने करीब ५२ घंटे पाकिस्तान में बातचीत की है। वह शहर के व्यस्ततम इलाके हजरतगंज के एक ग्लास शो रूम में काम करता है तथा चारबाग इलाके में रहता है।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि वह अलग-अलग काम में राजेश नाम का भी इस्तेमाल करता है तथा अक्सर वह वाराणसी जाता रहता है। हालांकि पुलिस को अभी तक सिलसिलेवार विस्फोट में उसके शामिल होने के कोई पुख्ता सबूत नहीं मिले हैं। जयपुर विस्फोट कांड में अब्दुल मतीन मदनी को वाराणसी से दो दिन पहले गिरफ्तार किया गया था लेकिन रविवार उसे निजी मुचलके पर रिहा कर दिया गया।
उधर, कोलकाता में भी बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों और शापिंग मॉल में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए है। लंबी दूरी की बसों में जाने वाले यात्रियों की गहन तलाशी ली जा रही है और मेट्रो स्टेशनों के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस चौकियां बनाई गई है। हावड़ा रेलवे स्टेशन में तलाशी के लिए खोजी कुत्ताों की मदद ले रही है।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि हमने बस चालकों को चौकस रहने और किसी भी संदिग्ध वस्तु की सूचना पुलिस को देने को कहा है। बस कंडक्टरों को यात्रियों पर पैनी निगाह रखने को कहा गया है।
कोलकाता और हावड़ा शहरों को जोड़ने वाले रवींद्रनाथ सेतु के आसपास भी सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं। रोजाना इस पुल का हजारों लोग इस्तेमाल करते हैं। पुल के दोनों ओर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात किए गए है। लालबाजार स्थित पुलिस मुख्यालय में रविवार रात पश्चिम बंगाल के गृहसचिव की अध्यक्षता में वरिष्ठ अधिकारियों की एक बैठक हुई। बैठक में पुलिस महानिदेशक ए।बी. वोहरा, कोलकाता के पुलिस आयुक्त गौतम मोहन चक्रवर्ती, करीबी जिलों उत्तारी 24 परगना और दक्षिणी 24 परगना के पुलिस अधीक्षकों, कोलकाता के निगमायुक्त अल्पन बंदोपाध्याय और मुख्यमंत्री के मुख्य सुरक्षा अधिकारी अरविंद मालीवाल ने भाग लिया। प्रमुख शापिंग माल के अधिकारी भी बैठक में मौजूद थे।
गृहसचिव ने कहा कि हमने बंगलूरु और अहमदाबाद में हुई घटनाओं की आशंका टालने के लिए दीर्घावधि और अल्पकालिक उपाय किए है। इन उपायों को सोमवार को अंतिम रूप दिया जाएगा। पुलिस आयुक्त ने कहा कि हमारा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सामान्य जन-जीवन में व्यवधान नहीं आए।

अहमदाबाद सीरियल ब्लास्ट में अहले ह्दीज का कार्यकर्ता गिरफ्तार

अहमदाबाद, २८ जुलाई-लोगों के दिल-ओ-दिमाग को दहला देने वाले अहमदाबाद सीरियल ब्लास्ट मामले में पुलिस ने बड़ी कामयाबी हासिल की है। प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन अहले हदीज के एक कार्यकर्ता को अहमदाबाद में हुए १७ धमाकों के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया है। इन धमाकों में करीब ४९ लोग मारे गए है । उधर प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी और गृहमंत्री शिवराज पाटिल सोमवार को अहमदाबाद शहर का दौरा करेंगे।
एक समाचार चैनल के मुताबिक पुलिस के हत्थे चढ़े अब्दुल हलीम की २००२ में हुए गोधरा कांड के बाद हुए दंगों के सिलसिले में भी पुलिस को तलाश थी। पुलिस ने अब्दुल को संवेदनशील इलाके दानी लिम्डा से गिरफ्तार किया। २००२ के गुजरात दंगों के बाद से अब्दुल फरार चल रहा था।
अहले हदीज के बारे में कहा जाता है कि यह एक चरमपंथी इस्लामी संगठन है। यह इस्लाम के वहाबी मत को मानता है। ऐसा माना जाता है कि अहले हदीज ने ही दहशत और खौफ का दूसरा नाम बन चुके आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा की पाकिस्तान में स्थापना की थी। गौरतलब है कि लश्कर ने भारत में हुई कई बड़ी आतंकी वारदातों की जिम्मेदारी ली है। अहले हदीज के कई कार्यकर्ता सिमी के काडर माने जाते हैं। वहीं, अहले हदीज से जुड़े लोगों ने भी कई बड़ी घटनाओं को अंजाम तक पहुंचाया है।

करात नें सोमनाथ के निष्कासन को दुर्भाग्यपूर्ण बताया

कोलकाता, 28 जुलाई- माकपा के महासचिव प्रकाश करात ने दोहराया कि लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी को पार्टी से निष्कासित करने का फैसला बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
करात ने पार्टी की पश्चिम बंगाल राज्य समिति की दो दिवसीय बैठक के बाद कहा कि उन्हें निष्कासित किए जाने का फैसला हमारे लिए बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
इस सवाल पर कि क्या चटर्जी को पार्टी में वापस लिए जाने की कोई संभावना है? उन्होंने कहा कि पार्टी के संविधान में इस तरह का प्रावधान है, जिसके तहत निष्कासित सदस्य पार्टी में वापसी के लिए अपील कर सकता है।
एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि यह फैसला चटर्जी को करना है कि वे लोकसभा अध्यक्ष के पद पर बने रहना चाहते हैं या नहीं।

Jul 27, 2008

सूरत में विस्फोटकों से लदी दो कारें मिलीं

सूरत, २७ जुलाई- बेंगलुरु और अहमदाबाद के बाद 'हीरों की नगरी' सूरत आतंकवादियों के निशाने पर आ गई है, जहां विस्फोटकों से लदी दो कारें मिलीं और एक बम को निष्क्रिय किया गया।
सूरत में एक अस्पताल के निकट एक जिंदा बम को निष्क्रिय किया गया, जबकि विस्फोटकों से लदी दो कारें बरामद की गईं। इसके बाद शहर में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया।
पुलिस निरीक्षक एमआर चावदा ने कहा कि पुलिस ने सूरत शहर के बाहरी इलाके में स्थित पुनागम इलाके में विस्फोटकों से लदी कार जब्त की। पुलिस ने पुनागम में विस्फोटकों से लदी जीजे ६ सीडी ३५६९ नंबर प्लेट वाली कार जब्त की और इसमें से पाउडर, जिलेटिन की छड़ें और कीलें बरामद कीं।
वड़ोदरा के पुलिस आयुक्त राकेश अस्थाना ने कहा कि पुनागम में बरामद की गई कार का पंजीकरण फर्जी था, क्योंकि यह नंबर एक स्कूटी का है। पुलिस आयुक्त आरएमएस बरार ने बताया कि बाद में पुलिस ने शाम को सूरत शहर के हीराबाग मोहल्ले में विस्फोटकों से लदी एक और कार का पता लगाया।

सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं पाकिस्तान के हिंदू

कराची, २७ जुलाई- पाकिस्तान के हिंदुऒं ने अपने समुदाय के खिलाफ जानमाल को लक्ष्य बनाकर हो रही घटनाऒं के प्रति चिंता जताई है। गौरतलब है कि देश में हिंदुऒं के धार्मिक स्थलों को भी निशाना बनाया जा रहा है।
अल्पसंख्यक हिंदु समुदाय की पाकिस्तान हिंदू परिषद् (पीएचसी) के प्रतिनिधिमंडल ने चिंता जताई है कि सिंध प्रांत में हिंदुऒं को लगातार लूट और डकैती का निशाना बनाया जा रहा है। उनके खिलाफ इस तरह की घटनाऒं में वृद्धि हो रही है। परिषद ने मांग की है कि इस्लामाबाद की संघीय सरकार इन घटनाऒं को रोकने के तुरंत कोई कदम उठाए और देश में अल्पसंख्यक समुदाय की रक्षा करे।
जाकोकाबाद में हाल ही में हुई लूट की घटना के विरोध प्रदर्शन में कराची में बड़ी संख्या में हिंदुऒं ने भाग लिया। जाकोकाबाद में कुछ हथियारबंद लोगों ने मंदिर में घुस कर करीब ३५० हिंदू महिलाऒं से लाखों रूपये की नगदी तथा जेवरात लूट लिए थे। सिंघ के पूर्व सांसद डा। रमेश लाल ने पुलिस और अन्य कानूनी एजेंसियों पर आरोप लगाया है कि वह नागरिकों खासतौर पर अल्पसंख्यकों की रक्षा करने में नाकाम रही हैं।
पीएचसी के सचिव हरी मोटवानी ने डेली टाइम्स अखबार को बताया कि डाकुऒं ने करीब सात करोड़ की लूट की है और जाकोकाबाद की हाल ही की घटना के बाद अल्पसंख्यक समुदाय के लोग खासतौर पर महिलाएं धार्मिक स्थानों पर जाने में डरने लगे हैं। मोटवानी ने कहा कि इसलिए हम मांग करते हैं कि सरकार डकैतों को तुरंत गिरफ्तार करे और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्र्चित करे। उन्होंने कहा कि यह घटना दिन के समय हुई है बावजूद इसके पुलिस इसे रोक नहीं पाई।
पीएचसी के अध्यक्ष राजा असेरमल मांगलानी ने कहा कि सिंध के उत्तरी जिलों में हिंदुऒं के साथ लूट और अपहरण की घटनाएं हो रही हैं। इससे अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों में डर और असुरक्षा की भावना घर कर गई है। सरकार को चाहिए कि वह लोगों में व्याप्त इस इस डर की भावना को दूर करे।

निशा कोठारी को मिली राहत

मुंबई, २७ जुलाई- रामगोपाल वर्मा के चक्कर में निशा कोठारी ने अपने करियर का कबाड़ा कर डाला। उन्हें लगा कि रामू के साथ रहकर वे चोटी की नायिकाओं में शामिल हो जाएगी, इसलिए उन्होंने दूसरे निर्माताओं को घास नहीं डाली। लेकिन रामू की फिल्में ऐसी पिटी कि दूसरे निर्माता निशा के नाम से ही भागने लगे।
‘नाम बदलो किस्मत बदलो’ के फार्मूले पर चलते हुए निशा ने अपना नाम प्रियंका भी कर लिया, लेकिन कुछ नतीजा नहीं निकला। हिंदी फिल्मों में अपनी दाल न गलते देख निशा ने दक्षिण भारत की राह पकड़ी।
वे पहले भी तेलुगु फिल्म कर चुकी हैं और निशा को वहाँ पर फिल्में मिल गई हैं। ‘हरी ओम’ नामक फिल्म में वे शेखर और मधु शर्मा के साथ काम कर रही हैं। एक-दो फिल्में और भी उनके हाथों में हैं।
वैसे निशा का मन बॉलीवुड में ही अटका है। यदि वहाँ उनकी कुछ फिल्में सफल हो जाती हैं तो हो सकता है कि एकाध निर्माता निशा को फिर मौका दे दे। रामू तो खुद बेचारे मुसीबतों से गुजर रहे हैं।

अमेरिका गरीबी के शिकंजे में

न्यूयॉर्क, २७ जुलाई-संयुक्त राष्ट्र के शीर्ष विशेषज्ञों ने आगाह किया है कि दुनियाभर में जारी आर्थिक संकट के झटके से अकेले उत्तरी और दक्षिणी अमेरिका में एक करोड़ ६० लाख से ज्यादा लोग गरीबी के रसातल में चले जाएँगे।
पैन अमेरिकन हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (पीएएचओ) की दो दिन की बैठक का समापन करते हुए संयुक्त राष्ट्र की १३ एजेंसियों के क्षेत्रीय निदेशकों ने दोनों अमेरिकी महादेशों में सहस्राब्दी विकास लक्ष्यों (एमडीजी) के मामले में अगले दो साल के दौरान लगातार प्रगति सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त कार्रवाई का वादा किया।
एमडीजी के तहत २०१५ तक अनेक सामाजिक और आर्थिक रोगों को उल्लेखनीय रूप से कम करने या उनका उन्मूलन करने का लक्ष्य तय किया गया है। विश्व नेताओं ने संयुक्त राष्ट्र के सहस्राब्दी शिखर सम्मेलन में ये लक्ष्य तय किए थे।
पीएएचओ की निदेशक मिर्ता रोजेज पेरियागो ने कहा लातीन अमेरिका और कैरिबियाइ क्षेत्र ने एमडीजी पूरा करने में खास तौर पर शिशु मृत्यु, भूख और गरीबी उन्मूलन के क्षेत्रों में वास्तविक प्रगति की है।
संयुक्त राष्ट्र लातीन अमेरिका एवं कैरिबियाई क्षेत्र आर्थिक आयोग (ईसीएलएसी) की कार्यकारी सचिव एलिसिया बारसेना ने कहा इस क्षेत्र में अब भी १९ करोड़ गरीब लोग हैं, जिनमें से सात करोड़ बहुत ही गरीब हैं।
बारसेना ने आगाह किया कि २००७ के मध्य से शुरू हुई वैश्विक आर्थिक मंदी के चलते एक करोड़ ६० लाख लोग अत्यंत गरीबी में जाने के लिए बाध्य हो सकते हैं।
उन्होंने कहा कि एक करोड़ ६० लाख लोगों को अत्यंत गरीबी की तरफ धकेलने वाली इस प्रक्रिया के लिए मुख्य रूप से आय में गिरावट निर्यातों में वृद्धि की रफ्तार में आ रही सुस्ती और विनिर्माण निर्यात के निम्न मूल्य जिम्मेदार हैं।
संयुक्त कार्रवाई के तहत संयुक्त राष्ट्र एजेंसियाँ खाद्य पदार्थों के उच्च मूल्यों और अन्य बाहरी कारकों के भूख गरीबी और विषमता पर प्रभाव का आकलन करेंगी। इसके लिए साझे आँकड़े और साझे सूचकांकों का उपयोग किया जाएगा।